Skip to main content

Posts

Showing posts from June 13, 2016

बादल कैसे बनते हैं?

बादल कैसे बनते हैं? बादल पानी या बर्फ़ के हज़ारों नन्हें नन्हें कणों से मिलकर बनते हैं। ये नन्हें कण इतने हल्के होते हैं कि वे हवा में आसानी से उड़ने लगते हैं।  बादल के तीन प्रमुख प्रकार होते हैं— सिरस, क्युमुलस और स्ट्रेटस। इन नामों को बादलों की प्रकृति और आकार के आधार पर रखा गया है। बहुत बार बादल मिलेजुले आकार-प्रकार के भी होते हैं। ऐसे बादलों को मिलेजुले नामों से जाना जाता है। इन प्रकारों के विषय में ठीक से जानने के लिए उन के दस नाम रखे गए हैं। ये सब नाम लैटिन भाषा में हैं।  ऊँचाई पर उड़ने वाले सबसे सामान्य बादल सिरस कहलाते हैं। सिरस का अर्थ है गोलाकार। इन्हें लगभग रोज़ आसमान में देखा जा सकता है। ये बादल हल्के और फुसफुसे होते हैं। ये बर्फ के कणों से बने होते हैं। यहाँ तक कि गर्मी के मौसम में दिखने वाले बादलों में भी बर्फ के कण होते हैं क्यों कि उतनी ऊँचाई पर काफ़ी सर्दी होती है। क्युमुलस का अर्थ है ढेर। अपने नाम के अनुरूप ये बादल रूई के ढेर की तरह दिखाई देते हैं। कभी कभी ये गहरे रंग के होते हैं तब इनमें से पानी या ओलों की वर्षा हो सकती है। ऐसे बादलों को क्युमुलोनिंबस ...
विश्व में कहाँ पर स्वतंत्रता दिवस नहीं मनाया जाता? स्वतंत्रता दिवस वही देश मनाएगा, जो कभी परतंत्र रहा हो। यूके, रूस, फ्रांस, नेपाल, थाईलैंड, जापान, चीन, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड जैसे अनेक देश नहीं मनाते। फिर भी फ्रांसीसी क्रांति की याद में बास्तील दिवस मनाता है। ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका पर बाहर से आए लोगों का शासन है। पर वे अब भी इन देशों के निवासी हैं, इसलिए स्वतंत्रता दिवस नहीं मनाते। चीन 1 अक्तूबर को कम्युनिस्ट शासन की शुरूआत को मनाता है। नेपाल 29 मई 2008 को संप्रभुता सम्पन्न गणतंत्र बना। इस दिन यहाँ से राजशाही का खात्मा हुआ। नेपाल में लोकतंत्र दिवस हर साल फाल्गुन सप्तमी को मनाया जाता है। इस रोज सन 1951 में राजा त्रिभुवन ने देश को राणाशाही के हाथों से निकाल कर लोकतंत्र की स्थापना की थी। पर देश में लोकतंत्र 1960 में आया जब राजा महेन्द्र ने पंचायत प्रणाली की स्थापना की